अंतरजातीय विवाह करने वाले सात जोड़ों का सामाजिक बहिष्कार, चार युवकों का कराया गया जीते-जी मृत्यु भोज
रिपोर्ट के अनुसार, छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में अंतरजातीय प्रेम विवाह करने वाले सात जोड़ों और उनके परिवारों को सामाजिक बहिष्कार का सामना करना पड़ रहा है। आरोप है कि समाज के कुछ प्रमुखों ने चार युवकों को “समाज के लिए मृत” घोषित करते हुए उनका जीते-जी मृत्यु भोज तक करा दिया।
पीड़ित परिवारों का कहना है कि प्रेम विवाह के बाद उन्हें सामाजिक कार्यक्रमों से अलग कर दिया गया, रिश्तेदारों पर दबाव बनाया गया और समाज में वापस शामिल करने के नाम पर आर्थिक दंड भी मांगा गया। मामले में प्रभावित परिवारों ने प्रशासन और पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है।
बताया जा रहा है कि सामाजिक बहिष्कार से परेशान कई परिवार मानसिक और आर्थिक दबाव झेल रहे हैं। मानवाधिकार और सामाजिक संगठनों ने इस तरह की घटनाओं को कानून और संविधान के खिलाफ बताते हुए दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।





