कागजों में सूखा दिया 52.57 लाख रुपये का धान, राजनांदगांव में भ्रष्टाचार का नया मामला उजागर
छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में धान खरीदी से जुड़ा एक और बड़ा घोटाला सामने आया है। जांच में खुलासा हुआ है कि करीब 52.57 लाख रुपये मूल्य के 1696 क्विंटल धान को केवल कागजों में ही सुखा दिया गया। मामले में भारी गड़बड़ी मिलने के बाद संबंधित समिति के प्रबंधक और ऑपरेटर के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
बताया जा रहा है कि समर्थन मूल्य पर किसानों से खरीदे गए धान के रिकॉर्ड में फर्जी तरीके से सुखाने की प्रक्रिया दर्शाई गई, जबकि वास्तविक रूप से ऐसा नहीं हुआ था। जांच अधिकारियों ने दस्तावेजों और स्टॉक का मिलान किया तो पूरे मामले की पोल खुल गई।
प्रशासन ने मामले को गंभीर वित्तीय अनियमितता मानते हुए कार्रवाई शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि धान खरीदी और भंडारण से जुड़े अन्य रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है, ताकि किसी बड़े नेटवर्क या अन्य गड़बड़ियों का पता लगाया जा सके।






